CM Sai’ रायपुर। छत्तीसगढ़ में अवैध खनन, खनिज परिवहन और भंडारण पर लगाम कसने के लिए राज्य सरकार ने बड़ा कदम उठाया है। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के निर्देश और सख्त प्रशासनिक रुख के तहत गौण खनिज नियमों में व्यापक संशोधन किया गया है। मंत्रिपरिषद की मंजूरी के बाद नए नियम लागू कर दिए गए हैं, जिसके तहत अवैध गतिविधियों में लिप्त लोगों पर अब पहले से कहीं अधिक कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
राज्य सरकार का कहना है कि संशोधित नियमों का मुख्य उद्देश्य अवैध खनन पर प्रभावी नियंत्रण स्थापित करना, खनिज संसाधनों के दोहन में पारदर्शिता लाना और सरकारी राजस्व में वृद्धि सुनिश्चित करना है। लंबे समय से प्रदेश के विभिन्न क्षेत्रों में अवैध उत्खनन और खनिज परिवहन की शिकायतें सामने आती रही हैं, जिन्हें रोकने के लिए यह कदम उठाया गया है।
नए नियमों के तहत अवैध खनिज उत्खनन, परिवहन और भंडारण के मामलों में जुर्माने की राशि में उल्लेखनीय वृद्धि की गई है। साथ ही नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई को भी और अधिक प्रभावी बनाया गया है। सरकार का मानना है कि कड़े दंडात्मक प्रावधानों से अवैध कारोबार पर अंकुश लगाने में मदद मिलेगी।
खनिज विभाग के अधिकारियों के अनुसार, संशोधित नियमों के लागू होने से खनिज संसाधनों का वैज्ञानिक और व्यवस्थित उपयोग सुनिश्चित किया जा सकेगा। इसके अलावा खनन गतिविधियों की निगरानी को भी और मजबूत बनाया जाएगा ताकि नियमों का पालन सुनिश्चित हो सके।
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कहा है कि प्रदेश की प्राकृतिक संपदा की सुरक्षा सरकार की प्राथमिकता है। अवैध खनन से न केवल सरकारी राजस्व को नुकसान पहुंचता है, बल्कि पर्यावरण और स्थानीय संसाधनों पर भी प्रतिकूल प्रभाव पड़ता है। इसलिए ऐसे मामलों में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
सरकार को उम्मीद है कि नए नियमों के लागू होने से अवैध खनन गतिविधियों में कमी आएगी और खनिज क्षेत्र में पारदर्शिता तथा जवाबदेही बढ़ेगी। साथ ही राज्य को मिलने वाले राजस्व में भी वृद्धि होगी, जिससे विकास कार्यों को गति मिलेगी।

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