आपातकालीन शक्तियों का इस्तेमाल: 12000 बमों की खेप तैयार
अमेरिकी विदेश मंत्री एंथनी ब्लिंकन ने घोषणा की है कि मध्य पूर्व में जारी “इमरजेंसी” के कारण बिना किसी देरी के सैन्य सामान देना जरूरी है। इस रक्षा सौदे में सबसे महत्वपूर्ण हिस्सा 12,000 BLU-110 हवाई बम हैं। ये बम अपनी सटीकता और भारी विनाशक क्षमता के लिए जाने जाते हैं। इसके अलावा, इस पैकेज में लॉजिस्टिक्स सपोर्ट और तकनीकी सहायता भी शामिल है, जो इजराइल की वायु सेना को और अधिक घातक बनाएगी।
विदेश मंत्री का बयान: “क्षेत्रीय स्थिरता के लिए जरूरी”
अमेरिकी प्रशासन ने कांग्रेस को सूचित किया है कि इजराइल की रक्षा क्षमताओं को मजबूत करना अमेरिकी राष्ट्रीय सुरक्षा हितों के लिए महत्वपूर्ण है। विदेश मंत्री ने स्पष्ट किया कि वर्तमान युद्ध की स्थिति और ईरान की ओर से बढ़ते खतरों को देखते हुए इस आपूर्ति में देरी नहीं की जा सकती। यह फैसला ऐसे समय में आया है जब इजराइल और ईरान के बीच सीधे हवाई हमले और मिसाइल युद्ध चरम पर है।
जंग का आठवां दिन: क्या हैं हालात?
आज युद्ध के आठवें दिन इजराइली वायु सेना ने ईरान के कई सैन्य ठिकानों को निशाना बनाया है। जवाब में ईरान ने भी अपनी लंबी दूरी की मिसाइलों का उपयोग कर इजराइली शहरों को दहलाने की कोशिश की है। अमेरिका द्वारा हथियारों की इस ताजा सप्लाई से इजराइल को अपने हथियारों का स्टॉक (Ammunition Stock) फिर से भरने में बड़ी मदद मिलेगी।
अमेरिकी हथियारों की इस नई खेप के बाद युद्ध के और लंबा खिंचने की संभावना जताई जा रही है। भारत जैसे देशों के लिए यह चिंता का विषय है क्योंकि तेल की कीमतों और वैश्विक सप्लाई चेन पर इसका सीधा असर पड़ रहा है। संयुक्त राष्ट्र ने दोनों देशों से संयम बरतने की अपील की है, लेकिन अमेरिकी रक्षा सहायता के बाद इजराइल के तेवर और कड़े होने के संकेत मिल रहे हैं। आने वाले 24 घंटे इस युद्ध की दिशा तय करने में बेहद महत्वपूर्ण होंगे।

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