विपक्ष के 8 सांसद सस्पेंड: सदन में बढ़ा तापमान
सदन में गतिरोध तब चरम पर पहुंच गया जब विपक्ष के 8 सांसदों को पूरे बजट सत्र के लिए निलंबित कर दिया गया। इन सांसदों पर सदन की गरिमा को ठेस पहुँचाने और आसन की ओर कागज उछालने का आरोप है। निलंबित सांसदों में कांग्रेस के गुरजीत सिंह औजला, हिबी ईडन और मणिकम टैगोर जैसे बड़े नाम शामिल हैं। विपक्ष का आरोप है कि उन्हें गंभीर मुद्दों, विशेषकर राष्ट्रीय सुरक्षा और अमेरिका के साथ हुई व्यापारिक संधि पर बोलने नहीं दिया जा रहा है।
इन 3 मुद्दों पर रहेगा पीएम मोदी का फोकस
राजनीतिक जानकारों का मानना है कि प्रधानमंत्री अपने भाषण में इन बिंदुओं पर पलटवार कर सकते हैं:
- India-US Trade Deal: विपक्ष का आरोप है कि भारत ने कृषि क्षेत्र में अमेरिका को अनुचित छूट दी है। पीएम इस पर सरकार का पक्ष साफ करेंगे।
- विकसित भारत 2047: बजट में बुनियादी ढांचे के लिए आवंटित 12.2 लाख करोड़ रुपये और 7 नए हाई-स्पीड रेल कॉरिडोर का जिक्र।
- राष्ट्रीय सुरक्षा: राहुल गांधी द्वारा उठाए गए चीन सीमा विवाद और सेना से जुड़े दावों का जवाब।
Voices from the Ground / Official Statements
“प्रधानमंत्री मोदी डरे हुए हैं, इसलिए विपक्ष को बोलने नहीं दिया जा रहा। भारत-अमेरिका ट्रेड डील ने देश के किसानों के हितों के साथ समझौता किया है। हम सरकार को जवाबदेह ठहराते रहेंगे।” — राहुल गांधी, नेता प्रतिपक्ष, लोकसभा
“विपक्ष केवल नकारात्मकता फैला रहा है। बजट 2026 विकसित भारत की नींव है। पीएम मोदी आज सदन में झूठ की राजनीति का पर्दाफाश करेंगे।” — किरेन रीजीजू, संसदीय कार्य मंत्री
Impact on Residents / आगे क्या होगा?
प्रधानमंत्री के संबोधन के बाद देश की आर्थिक और विदेश नीति की दिशा और स्पष्ट होगी। खासकर इनकम टैक्स के नए नियमों (जो 1 अप्रैल 2026 से लागू होंगे) और 17 कैंसर दवाओं के सस्ता होने जैसे फैसलों पर जनता को सीधे तौर पर पीएम से सुनने का मौका मिलेगा। शाम 5 बजे होने वाला यह भाषण देश भर के न्यूज चैनलों और डिजिटल प्लेटफॉर्म्स पर लाइव प्रसारित किया जाएगा।

More Stories
Landmark Decision of The Supreme Court : सेना की महिला अफसर स्थायी कमीशन की हकदार; पेंशन का रास्ता साफ, सिस्टम से भेदभाव खत्म करने का आदेश
PM Modi Rajya Sabha Speech 2026 : PM मोदी का ‘सावधान’ मंत्र , राज्यसभा में बोले- पश्चिम एशिया संकट भारत के लिए अप्रत्याशित चुनौती
Supreme Court : आरक्षण पर सुप्रीम कोर्ट की ‘लक्ष्मण रेखा’, केवल हिंदू, सिख और बौद्ध ही रहेंगे SC श्रेणी का हिस्सा, बाकी सब बाहर