क्या है India-US ट्रेड डील का ट्रिगर
सोमवार देर रात अमेरिकी समय के मुताबिक राष्ट्रपति ट्रंप ने भारत के साथ ट्रेड समझौते की जानकारी दी। इसके तहत भारतीय निर्यात पर अमेरिकी टैरिफ में बड़ी कटौती की बात सामने आई। मंगलवार सुबह इसका असर Dalal Street पर दिखा। बीएसई बिल्डिंग के बाहर ब्रोकरेज हाउस खुलते ही स्क्रीन हरी रहीं। बैंकिंग, आईटी और फार्मा शेयरों में खरीदारी का दबाव नहीं, बल्कि तेज़ बहाव दिखा। ओपनिंग बेल के बाद एचडीएफसी बैंक, आईसीआईसीआई बैंक, इन्फोसिस और सन फार्मा जैसे हैवीवेट शेयरों में तेजी ने इंडेक्स को ऊपर खींचा। ट्रेडर्स के मुताबिक विदेशी निवेशकों की वापसी की उम्मीद ने माहौल बदला।
ग्राउंड से आवाज़ / मार्केट रिएक्शन
“टैरिफ कट का सीधा मतलब है भारतीय कंपनियों की अमेरिका में लागत घटेगी। यही वजह है कि ओपनिंग में आक्रामक खरीदारी आई।” — सीनियर मार्केट डीलर, दलाल स्ट्रीट
निवेशकों पर असर और आगे क्या
इस तेजी का असर म्यूचुअल फंड निवेशकों और रिटेल ट्रेडर्स पर तुरंत पड़ा। कई निवेशकों ने कनॉट प्लेस और करोल बाग स्थित ब्रोकरेज दफ्तरों में सुबह से ही पोजीशन चेक की। हालांकि विशेषज्ञ चेतावनी दे रहे हैं कि जब तक भारत-अमेरिका ट्रेड डील का पूरा आधिकारिक ड्राफ्ट सामने नहीं आता, तब तक उतार-चढ़ाव बना रह सकता है। आज के सत्र में निवेशकों की नजर आईटी, फार्मा और एक्सपोर्ट-लिंक्ड शेयरों पर रहेगी। अगर विदेशी निवेशकों की खरीद जारी रहती है, तो सेंसेक्स और निफ्टी नए रिकॉर्ड स्तरों के करीब जा सकते हैं।



More Stories
USD-INR Trad Deal : डॉलर के मुकाबले रुपया 130 पैसे मजबूत 3 साल की सबसे बड़ी छलांग के साथ 90.20 के स्तर पर पहुंचा
China-America : चीन-अमेरिका ‘करेंसी वॉर’ युआन क्या डॉलर के वर्चस्व को तोड़ पाएगा?
Budget 2026 : ‘युवाशक्ति’ और ‘रिफॉर्म एक्सप्रेस’ पर सवार भारत; शहरों के विकास के लिए 12.2 लाख करोड़ का बड़ा दांव