Kiske Pair Nhi Chune Chahiye: सनातन संस्कृति में बड़े-बुजुर्गों के पैर छूने की परंपरा सदियों से ही चली आ रही है। बचपन से ही सिखाया जाता है कि जब भी कोई अपने से बड़ा या सम्मानित व्यक्ति मिले तो उसके पैर जरूर छूने चाहिए। लेकिन क्या आप जानते हैं कि शास्त्रों में कुछ लोगों के पैर छूने के लिए मना किया गया है। चलिए जानते हैं ये कौन से 9 लोग हैं और किन कारणों से इनके पैर छूने के लिए मना किया जाता है।
CG : चने की सब्जी में गिरी छिपकली, परिवार के 4 लोगों की बिगड़ी तबियत, अस्पताल में भर्ती
किन 9 लोगों के पैर नहीं छूने चाहिए?
- दामाद को ससुर के पैर- कहते हैं जबसे महादेव ने अपने ससुर दक्ष का सिर काटा है तभी से ये नियम चला आ रहा है। लेकिन कुछ ही जगहों पर इस नियम का पालन किया जाता है।
- भांजे को मामा के पैर – कहते हैं जबसे कृष्ण ने अपने मामा कंस का उद्धार किया है तभी से ये नियम भी चला आ रहा है कि भांजे को मामा के पैर नहीं छूने चाहिए।
- कुंवारी कन्या – हिंदू धर्म में कुंवारी कन्याओं को साक्षात मां दुर्गा का स्वरूप माना जाता है इसलिए कुंवारी कन्याओं से किसी को पैर नहीं छुआने चाहिए। कहते हैं इससे पाप लग जाता है।
- सन्यासी किसी के पैर नहीं छूता – शास्त्रों अनुसार सन्यासी अपने गुरु को छोड़कर अन्य किसी व्यक्ति के पैर नहीं छूता।
- लेटे हुए व्यक्ति के पैर – लेटे हुए व्यक्ति के पैर छूना अशुभ माना जाता है इसलिए जब कोई व्यक्ति आराम कर रहा हो या सो रहा हो तो उसके पैर भी नहीं छूने चाहिए। सनातन संस्कृति में लेटी अवस्था में मरे हुए व्यक्ति के पैर छुए जाते हैं।
- मंदिर में नहीं छूने चाहिए पैर – किसी व्यक्ति के पैर कभी भी मंदिर में नहीं छूने चाहिए क्योंकि अगर आप ऐसा करते हैं तो ये देव प्रतिमा का अपमान होगा। आप उस व्यक्ति के पैर मंदिर के बाहर जाकर छू सकते हैं।
- अशुद्धि स्थिति में होने पर – अगर कोई व्यक्ति अशुद्ध स्थिति में है तो उस व्यक्ति के पैर नहीं छूने चाहिए या फिर आप खुद भी किसी कारण अशुद्ध हैं तो किसी से पैर नहीं छुआने चाहिए।
- श्मशान से लौटे व्यक्ति के पैर – यदि कोई श्मशान घाट से लौट रहा है तो उसके पैर कभी नहीं छूने चाहिए क्योंकि अंतिम संस्कार से लौटने पर व्यक्ति अशुद्ध हो जाता है ऐसे में उसके पैर छूना सही नहीं माना जाता है। स्नान करने के बाद ही उसके पैर छूने चाहिए।
- पूजा कर रहे व्यक्ति के पैर – अगर कोई व्यक्ति पूजा कर रहा है तो उस समय उसके पैर नहीं छूने चाहिए क्योंकि ऐसा करने से पाप का भागी बनना पड़ सकता है। जब पूजा संपन्न हो जाए तो उसके बाद पैर छू सकते हैं।

More Stories
मई 2026 में व्रत-त्योहारों की भरमार, जानिए पूरा कैलेंडर और बड़ा मंगल की तारीखें
Sita Navami 2026 : आज माता जानकी की पूजा का शुभ मुहूर्त, जानिए सरल विधि और चमत्कारी मंत्र
Baglamukhi Jayanti 2026 : पीली सरसों का चमत्कारी उपाय , बगलामुखी जयंती पर कैसे करें पीली सरसों का प्रयोग कि शत्रुओं का हो जाए नाश