नई दिल्ली। दिल्ली हाईकोर्ट ने नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो (NCB) के पूर्व अधिकारी समीर वानखेड़े की पदोन्नति से जुड़े विवाद में केंद्र सरकार को कड़ा झटका दिया है। अदालत ने कहा कि केंद्र सरकार ने मामले में अहम तथ्य छिपाए और इस पर 20,000 रुपये का जुर्माना लगाया।
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जस्टिस नवीन चावला की अध्यक्षता वाली बेंच ने केंद्र सरकार की पुनर्विचार याचिका को खारिज कर दिया। इस याचिका में सरकार ने केंद्रीय प्रशासनिक अधिकरण (CAT) के वानखेड़े को पदोन्नति देने के आदेश की समीक्षा की मांग की थी।
अदालत ने स्पष्ट किया कि सरकार ने मामले में पूरी पारदर्शिता नहीं अपनाई और इसलिए उसे जिम्मेदार ठहराया गया।

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