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शाम होते ही बदला मौसम, गर्मी से मिली राहत
शनिवार शाम दुर्ग, भिलाई और आसपास के इलाकों में मौसम ने अचानक करवट ली। दिनभर चुभने वाली गर्म हवाओं के बाद शाम को आसमान में काले बादल घिर आए। करीब दो घंटे तक हल्की बारिश और तेज हवाएं चलती रहीं। सड़कों पर धूल उड़ती दिखी, फिर बारिश की बूंदों ने माहौल ठंडा कर दिया। लोगों ने राहत की सांस ली। उमस से परेशान परिवार घरों से बाहर निकल आए। कई जगह बच्चों को बारिश में भीगते देखा गया। हवा में मिट्टी की खुशबू घुल गई। ऐसा लग रहा था जैसे भीषण गर्मी के लंबे दौर के बाद मौसम ने राहत का दरवाजा खोल दिया हो।
प्री-मानसून एक्टिव, मौसम विभाग की चेतावनी
मौसम विभाग के अनुसार बंगाल की खाड़ी और दक्षिणी हवाओं के असर से छत्तीसगढ़ में प्री-मानसून सिस्टम मजबूत हो रहा है। इसी वजह से प्रदेश के कई हिस्सों में तेज आंधी, गरज-चमक और हल्की से मध्यम बारिश दर्ज की जा रही है। विशेषज्ञों का कहना है कि आने वाले दिनों में तापमान में 2 से 4 डिग्री तक गिरावट हो सकती है। हालांकि आंधी के दौरान बिजली गिरने और पेड़ गिरने जैसी घटनाओं का खतरा भी बना रहेगा। प्रशासन ने लोगों को खराब मौसम के दौरान खुले मैदान और पेड़ों के नीचे खड़े न होने की सलाह दी है।
खेती और जल संकट पर पड़ेगा असर
मानसून की शुरुआती गतिविधियों ने किसानों की उम्मीद बढ़ा दी है। कई किसान अब खेतों की तैयारी में जुट गए हैं। पिछले साल देर से बारिश होने के कारण कई इलाकों में जल संकट गहरा गया था। इस बार समय पर मानसून पहुंचने की संभावना ने ग्रामीण इलाकों में राहत की उम्मीद जगा दी है। दुर्ग जिले के कुछ किसानों ने बताया कि लगातार बदलते मौसम ने खेती की योजना को प्रभावित किया था, लेकिन अब बारिश की शुरुआत से धान की तैयारी तेज हो सकती है।

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