IPL 2026 Controversies , नई दिल्ली — दुनिया की सबसे अमीर क्रिकेट लीग सिर्फ छक्कों, चौकों और चीयरलीडर्स के बारे में नहीं है। यहां खिलाड़ियों का ईगो टकराता है, धड़कनें तेज होती हैं और कई बार खिलाड़ी सरेआम अपनी हदें पार कर देते हैं। 28 मार्च से आईपीएल का नया सीजन शुरू हो रहा है। करोड़ों फैंस इस टूर्नामेंट का इंतजार कर रहे हैं। मनोरंजन के इस मंच पर कई बार ऐसे दाग लगे हैं, जिन्होंने पूरी दुनिया में सुर्खियां बटोरीं। आइए उन पांच बड़े विवादों को देखते हैं जब जेंटलमैन गेम का मैदान जंग के अखाड़े में तब्दील हो गया।
आईपीएल के 5 बड़े बवाल: जब टूटीं मर्यादाएं
लीग का इतिहास आक्रामकता से भरा पड़ा है। ये घटनाएं सिर्फ बहस नहीं थीं, इन्होंने क्रिकेट की दुनिया को हिलाकर रख दिया था:
- 1. भज्जी का ‘थप्पड़ कांड’ (2008): पहले ही सीजन में विवादों की नींव पड़ गई थी। मुंबई इंडियंस के हरभजन सिंह ने मैच के बाद किंग्स इलेवन पंजाब के तेज गेंदबाज एस श्रीसंत को सरेआम थप्पड़ जड़ दिया। मैदान पर रोते हुए श्रीसंत की तस्वीर ने पूरे क्रिकेट जगत को स्तब्ध कर दिया। हरभजन को सीजन से बैन कर दिया गया।
- 2. विराट कोहली बनाम नवीन-उल-हक (2023): यह सिर्फ एक स्लेजिंग नहीं थी; यह एक युद्ध था। लखनऊ के इकाना स्टेडियम में कोहली और अफगान पेसर नवीन के बीच तीखी बहस हुई। मैच खत्म होने के बाद मामला गौतम गंभीर तक पहुंच गया। दोनों टीमों के खिलाड़ी भिड़ गए और बोर्ड ने 100% मैच फीस का जुर्माना ठोका।
- 3. पोलार्ड ने स्टार्क पर फेंका बल्ला (2014): मुंबई के कीरोन पोलार्ड और आरसीबी के मिचेल स्टार्क के बीच की झड़प आज भी रोंगटे खड़े कर देती है। स्टार्क ने बाउंसर फेंक कर स्लेज किया, जवाब में अगली गेंद पर पोलार्ड पिच से हट गए। स्टार्क ने फिर भी गेंद फेंकी और पोलार्ड ने गुस्से में अपना बल्ला सीधे स्टार्क की तरफ उछाल दिया।
- 4. धोनी का मैदान पर उतरना (2019): ‘कैप्टन कूल’ ने अपना आपा खो दिया। राजस्थान रॉयल्स के खिलाफ नो-बॉल के विवाद पर एमएस धोनी डगआउट से सीधे अंपायरों से भिड़ने बीच मैदान पर आ गए। यह आईपीएल इतिहास की सबसे हैरान करने वाली तस्वीरों में से एक थी।
- 5. अश्विन का ‘मांकडिंग’ विवाद (2019): पंजाब के कप्तान आर अश्विन ने राजस्थान के जोस बटलर को नॉन-स्ट्राइकर एंड पर रन आउट (मांकडिंग) कर दिया। खेल भावना और नियमों को लेकर दुनिया भर के क्रिकेट पंडित दो गुटों में बंट गए।
“मैदान पर जो होता है, उसे वहीं छोड़ देना चाहिए। लेकिन जब आप अपने शहर के लिए खेलते हैं, तो भावनाएं हावी हो जाती हैं। नवीन के साथ जो हुआ, वह उस पल की गर्मी थी, लेकिन हमने अपना स्टैंड क्लीयर रखा।”
— विराट कोहली (2023 विवाद के बाद)
“वह मेरी सबसे बड़ी गलती थी। मुझे आज भी श्रीसंत के साथ किए गए उस बर्ताव पर पछतावा होता है। मैंने अपनी हदें पार कर दी थीं।”
— हरभजन सिंह (वर्षों बाद दिए एक इंटरव्यू में)
ये विवाद भले ही पुराने हो गए हों, लेकिन मैदान पर इनकी गूंज आज भी सुनाई देती है। 28 मार्च से शुरू हो रहे सीजन में जब भी कोहली की टीम के सामने नवीन या गंभीर होंगे, ब्रॉडकास्टर्स के कैमरे सिर्फ इन्हीं चेहरों पर होंगे। फ्रैंचाइजी क्रिकेट में आक्रामकता टीआरपी लाती है और खिलाड़ी यह बात बखूबी जानते हैं। इस साल भी टीमों ने अपनी कमर कस ली है और एक बात तय है—क्रिकेट का स्तर जितना ऊंचा होगा, स्लेजिंग और ‘माइंड गेम्स’ का पारा भी उतना ही ऊपर जाएगा। तैयार रहिए, क्योंकि असली एक्शन अभी बाकी है।

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