BREAKING NEWS : नई दिल्ली। दिल्ली में रविवार दोपहर एक पांच मंजिला इमारत गिरने के बाद राहत और बचाव अभियान लगातार जारी है। हादसे के करीब 22 घंटे बाद भी मलबा हटाने का काम जारी है। इस दर्दनाक घटना में अब तक 6 लोगों की मौत की पुष्टि हुई है, जबकि राहतकर्मियों ने 12 लोगों को सुरक्षित बाहर निकाला है।
घटना के बाद इलाके में अफरा-तफरी मच गई थी। इमारत के मलबे में लोगों के दबे होने की आशंका को देखते हुए पुलिस, दमकल विभाग और बचाव दलों ने तुरंत मौके पर पहुंचकर अभियान शुरू किया।
बेसमेंट में तोड़फोड़ के बाद इमारत गिरने की आशंका
प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, पांच मंजिला इमारत के बेसमेंट में तोड़फोड़ या निर्माण संबंधी काम किए जाने के बाद भवन की संरचना कमजोर होने की आशंका जताई जा रही है। इसी वजह से इमारत अचानक ढह गई।
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हालांकि हादसे की वास्तविक वजह जांच के बाद ही स्पष्ट होगी। प्रशासन और संबंधित जांच एजेंसियां यह पता लगाने में जुटी हैं कि इमारत की संरचना में बदलाव के दौरान नियमों का पालन किया गया था या नहीं।
मलबे को हटाने में आ रही चुनौतियां
इमारत पूरी तरह ढह जाने के कारण मलबे का ढेर काफी बड़ा है। बचाव दल भारी मशीनों और विशेष उपकरणों की मदद से मलबा हटा रहे हैं। अधिकारियों की प्राथमिकता यह सुनिश्चित करना है कि मलबे के नीचे यदि कोई व्यक्ति फंसा हो तो उसे जल्द से जल्द सुरक्षित बाहर निकाला जा सके।
रेस्क्यू ऑपरेशन के दौरान आसपास के क्षेत्र को भी सुरक्षा के मद्देनजर नियंत्रित किया गया है। मौके पर बड़ी संख्या में पुलिसकर्मी और प्रशासनिक अधिकारी मौजूद हैं।
इमारत मालिक के खिलाफ कार्रवाई की तैयारी
हादसे के बाद इमारत मालिक की भूमिका भी जांच के दायरे में आ गई है। मामले में मालिक को लेकर लुकआउट नोटिस जारी किए जाने की जानकारी सामने आई है। जांच एजेंसियां यह पता लगाने की कोशिश कर रही हैं कि भवन में किसी प्रकार का अवैध निर्माण या बिना अनुमति संरचनात्मक बदलाव तो नहीं किया गया था।
यदि जांच में लापरवाही या नियमों के उल्लंघन की पुष्टि होती है तो जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जा सकती है।

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