“हम स्वदेशी तकनीक को बढ़ावा दे रहे हैं”: जुप्पा जिओ के सीईओ
जुप्पा जिओ के सीईओ ने कहा कि वे स्वदेशी तकनीक को बढ़ावा दे रहे हैं और भारतीय सेना को सशक्त बना रहे हैं।
“अजीत ड्रोन भारतीय सेना के लिए एक गेम-चेंजर साबित होंगे। वे छोटे, हल्के और साइबर सुरक्षित हैं, जिससे वे दुश्मन के इलाके में भी प्रभावी ढंग से काम कर सकते हैं। हमें गर्व है कि हम स्वदेशी तकनीक को बढ़ावा दे रहे हैं और भारतीय सेना को सशक्त बना रहे हैं।”
— जुप्पा जिओ के सीईओ, जुप्पा जिओ नेविगेशन टेक्नोलॉजी
यह सीईओ की प्रतिबद्धता और स्वदेशी तकनीक के प्रति उनकी चिंता को दर्शाता है। वे अब अगले मैचों में वापसी करने की पूरी कोशिश करेंगे और इस शर्मनाक रिकॉर्ड को पीछे छोड़ने की कोशिश करेंगे।
अजीत ड्रोन की खासियतें
अजीत ड्रोन छोटे और हल्के होते हैं, जिससे सैनिक इन्हें आसानी से अपने साथ ले जा सकते हैं। कुछ ड्रोन इतने छोटे हैं कि बैकपैक में रखे जा सकते हैं। इनकी सबसे बड़ी खासियत साइबर सुरक्षा है, क्योंकि आज के समय में ड्रोन को हैक करने का खतरा रहता है। इन्हीं खतरों को ध्यान में रखकर ये ड्रोन बनाए गए हैं, जिनमें इस्तेमाल होने वाले ज्यादातर पार्ट्स भारत में ही बने हैं। इससे सुरक्षा मजबूत होती है और बाहरी सिस्टम पर निर्भरता भी कम होती है।
अजीत ड्रोन भारतीय सेना के लिए एक बड़ी चुनौती है और उन्हें अब अगले मैचों में बेहतर प्रदर्शन करना होगा। उनके पास एक अनुभवी टीम है, लेकिन उनके खिलाड़ी इस सीजन में शानदार प्रदर्शन नहीं कर पाए हैं। उन्हें अपनी बल्लेबाजी और गेंदबाजी दोनों में सुधार करना होगा और अगले मैचों में जीत हासिल करने की पूरी कोशिश करनी होगी। अब, सबकी नजरें KKR की अगली कार्रवाई पर टिकी हैं और उम्मीद की जा रही है कि वे अगले मैचों में बेहतर प्रदर्शन करेंगे और इस शर्मनाक रिकॉर्ड को पीछे छोड़ने की कोशिश करेंगे।

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