Baruipur Rape Murder Case : कोलकाता। पश्चिम बंगाल के बारुईपुर रेप और मर्डर केस में बड़ा घटनाक्रम सामने आया है। 11 वर्षीय नाबालिग बच्ची से कथित दुष्कर्म और हत्या के मुख्य आरोपी प्रभास मंडल की पुलिस एनकाउंटर में मौत हो गई। पुलिस के अनुसार, आरोपी को क्राइम सीन रीक्रिएट करने के लिए घटनास्थल ले जाया गया था। इसी दौरान उसने पुलिसकर्मियों से हथियार छीनकर गोली चलाने की कोशिश की। आत्मरक्षा में पुलिस द्वारा की गई जवाबी फायरिंग में वह गंभीर रूप से घायल हो गया। अस्पताल ले जाने पर डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।

बारुईपुर पुलिस का कहना है कि आरोपी को सोमवार को गिरफ्तार किया गया था और पूछताछ के दौरान मिले तथ्यों के आधार पर घटनास्थल पर ले जाकर पूरे घटनाक्रम को दोबारा समझा जा रहा था। इसी दौरान उसने भागने और पुलिस पर हमला करने का प्रयास किया, जिसके बाद यह मुठभेड़ हुई।
पोस्टमार्टम रिपोर्ट में सामने आई हैवानियत की तस्वीर
इस मामले में पीड़िता की प्रारंभिक पोस्टमार्टम रिपोर्ट ने घटना की भयावहता को उजागर कर दिया है। रिपोर्ट के अनुसार, 11 वर्षीय बच्ची के शरीर पर गंभीर चोटों के निशान मिले हैं। उसके साथ यौन उत्पीड़न किए जाने के स्पष्ट संकेत पाए गए हैं। शरीर पर कई जगह खरोंच, काटने के निशान और गुप्तांगों पर गंभीर चोटें दर्ज की गई हैं।
रिपोर्ट में यह भी सामने आया कि बच्ची के सिर पर किसी भारी वस्तु से हमला किया गया था। इसके बाद उसे बोरी में भरकर तालाब में फेंक दिया गया। चिकित्सकीय जांच के अनुसार, तालाब में फेंके जाने के समय बच्ची जीवित थी और उसकी मौत पानी में डूबने से हुई। फेफड़ों और पेट में पानी भरने के संकेत भी पोस्टमार्टम रिपोर्ट में दर्ज किए गए हैं।
क्या है पूरा मामला?
यह दर्दनाक घटना पश्चिम बंगाल के बारुईपुर थाना क्षेत्र के धपधपी-2 पंचायत स्थित सूर्यपुर हाट इलाके की है। शनिवार शाम 11 वर्षीय बच्ची घर से खाने का सामान खरीदने निकली थी, लेकिन देर रात तक वापस नहीं लौटी। परिवार ने उसकी तलाश शुरू की, लेकिन कोई सुराग नहीं मिला।
अगली सुबह घर के पास स्थित एक तालाब से बच्ची का शव बरामद हुआ। जांच के दौरान सामने आए सीसीटीवी फुटेज में चार लोग बच्ची को अपने साथ ले जाते दिखाई दिए। इसके बाद पुलिस ने तेजी से कार्रवाई करते हुए मुख्य आरोपी प्रभास मंडल सहित अन्य संदिग्धों की तलाश शुरू की।
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इलाके में भारी आक्रोश
घटना के बाद पूरे इलाके में गुस्से का माहौल है। स्थानीय लोगों ने आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग करते हुए प्रदर्शन किया। लोगों का कहना है कि बच्ची के साथ जिस तरह की बर्बरता हुई है, उसके दोषियों को सख्त से सख्त सजा मिलनी चाहिए।
पुलिस ने इलाके में अतिरिक्त सुरक्षा बल तैनात कर दिए हैं ताकि कानून-व्यवस्था बनी रहे। मामले की जांच जारी है और अन्य आरोपियों की भूमिका की भी पड़ताल की जा रही है।
राजनीतिक प्रतिक्रिया भी तेज
इस घटना के बाद पश्चिम बंगाल की राजनीति भी गरमा गई है। विपक्ष के नेता सुवेंदु अधिकारी ने कहा कि बारुईपुर की घटना बेहद दर्दनाक और शर्मनाक है। उन्होंने कहा कि सरकार और पुलिस को दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करनी चाहिए तथा राज्य में कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए हर आवश्यक कदम उठाने होंगे।
हालांकि, पुलिस का कहना है कि मामले की जांच निष्पक्ष तरीके से जारी है और सभी तथ्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
जांच अभी जारी
पुलिस अब इस मामले में अन्य संदिग्धों से पूछताछ कर रही है। सीसीटीवी फुटेज, फोरेंसिक रिपोर्ट और डिजिटल साक्ष्यों के आधार पर पूरे घटनाक्रम की कड़ियां जोड़ी जा रही हैं। अधिकारियों का कहना है कि जांच पूरी होने के बाद सभी तथ्यों को अदालत के समक्ष प्रस्तुत किया जाएगा।

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