तेहरान/नई दिल्ली: अमेरिका-इजरायल और ईरान के बीच जारी युद्ध अब मानवीय त्रासदी में बदलता जा रहा है। हमले के 11वें दिन ईरान की राजधानी तेहरान की स्थिति बेहद चिंताजनक हो गई है। शनिवार रात को तेल डिपो और रिफाइनरियों पर हुए भीषण हमलों के बाद पूरी राजधानी जहरीले धुएं की चादर में लिपटी हुई है। आलम यह है कि दोपहर में भी सड़कों पर गाड़ियों की हेडलाइट जलानी पड़ रही है।
आसमान से गिरा ‘काला जहर’
तेहरान के तेल डिपो में लगी भीषण आग ने वायुमंडल में भारी मात्रा में हाइड्रोकार्बन और सल्फर डाइऑक्साइड छोड़ दिया है। रविवार सुबह जब बारिश हुई, तो वह सामान्य पानी नहीं बल्कि ‘ब्लैक ऑयल रेन’ (काले तेल की बारिश) थी। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, छतों, गाड़ियों और पेड़ों पर काले तेल की चिपचिपी परत जम गई है। वैज्ञानिकों ने इसे सेहत के लिए “एसिड रेन” से भी अधिक खतरनाक बताया है।
घरों के अंदर भी सांस लेना मुश्किल
धुएं का असर केवल बाहर ही नहीं, बल्कि घरों और अस्पतालों के भीतर भी महसूस किया जा रहा है।
-
मरीजों की हालत नाजुक: वेंटिलेटर और ऑक्सीजन सपोर्ट पर मौजूद मरीजों को सबसे ज्यादा दिक्कत हो रही है।
-
अंधेरे का साया: धुएं के घने गुबार की वजह से सूर्य की रोशनी जमीन तक नहीं पहुंच पा रही है, जिससे लोग मानसिक तनाव और डर के साये में जीने को मजबूर हैं।
रेड क्रेसेंट (Red Crescent) की चेतावनी
ईरानी रेड क्रेसेंट सोसाइटी ने नागरिकों को सख्त हिदायत दी है:
-
एयर कंडीशनर बंद रखें: बाहर की जहरीली हवा को अंदर आने से रोकने के लिए AC का इस्तेमाल न करें।
-
गीला कपड़ा रखें: घर की खिड़कियों और दरवाजों के नीचे गीले कपड़े लगाएं ताकि धुएं के कण प्रवेश न कर सकें।
-
त्वचा का बचाव: तेल वाली बारिश के संपर्क में आने पर त्वचा जल सकती है, तुरंत ठंडे पानी से धोएं।

More Stories
Pakistan Fuel Crisis 2026 : ईरान जंग ने बढ़ाई शहबाज की टेंशन, पाकिस्तान में पेट्रोल की भारी किल्लत
World War 3 Nuclear Threat India : न्यूक्लिअर विंटर का खौफ 12 हजार मिसाइलों के धमाके से जमेगी धरती, 10 साल तक सिर्फ बर्फबारी
युद्ध का तांडव’ इजरायल ने तेहरान के 5 फ्यूल डिपो को उड़ाया, आसमान से बरसेगी ‘एसिड रेन’!