अग्निपथ योजना और किताब के दावों पर रार
राहुल गांधी ने जनरल नरवणे की किताब में सेना की अग्निपथ योजना को लेकर कथित तौर पर की गई टिप्पणियों का जिक्र किया। विपक्ष का दावा है कि पूर्व सेना प्रमुख ने इस योजना के अचानक लागू होने पर हैरानी जताई थी। राहुल गांधी ने सरकार पर आरोप लगाया कि सेना की राय लिए बिना ही इतनी बड़ी योजना थोप दी गई। जैसे ही उन्होंने किताब का संदर्भ दिया, सत्ता पक्ष के सांसद अपनी सीटों पर खड़े हो गए। सदन में शोर-शराबा बढ़ गया और कार्यवाही में बाधा आने लगी।
राजनाथ सिंह का पलटवार: तथ्यों पर टकराव
विपक्ष के आरोपों का जवाब देने के लिए रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह स्वयं आगे आए। उन्होंने सदन में स्पष्ट किया कि सेना से जुड़े संवेदनशील मुद्दों पर राजनीति नहीं होनी चाहिए। राजनाथ सिंह ने कहा कि योजना को लेकर सभी स्टेकहोल्डर्स से चर्चा की गई थी। बहस तब और बढ़ गई जब गृह मंत्री अमित शाह ने राहुल गांधी से तथ्यों को सदन पटल पर रखने की चुनौती दी। सरकार का तर्क है कि एक अप्रकाशित पांडुलिपि के आधार पर लगाए जा रहे आरोप निराधार और संसदीय गरिमा के खिलाफ हैं।
सदन में तल्खी और सीधे प्रहार
“सेना के पूर्व प्रमुख की किताब के पन्ने कुछ और ही हकीकत बयां कर रहे हैं। क्या रक्षा मंत्री जवाब देंगे कि क्या वाकई सेना को अग्निपथ योजना के बारे में पूरी जानकारी थी? यह देश की सुरक्षा से जुड़ा मामला है।” — राहुल गांधी, नेता प्रतिपक्ष, लोकसभा
“सदन को गुमराह करने की कोशिश न करें। सशस्त्र बलों का मनोबल गिराना विपक्ष की आदत बन गई है। अग्निपथ योजना पर जो भी निर्णय लिए गए, वे व्यापक विचार-विमर्श का हिस्सा थे।” — राजनाथ सिंह, रक्षा मंत्री, भारत सरकार
संसदीय कार्यवाही पर असर
इस बहस के चलते सदन की कार्यवाही को कई बार बाधित करना पड़ा। शोर-शराबे के बीच विपक्षी सांसदों ने ‘अग्निपथ वापस लो’ के नारे भी लगाए। दिल्ली के राजनीतिक गलियारों में इस बहस को आगामी राज्यों के चुनावों से पहले सरकार और विपक्ष के बीच बढ़ते टकराव के तौर पर देखा जा रहा है। स्पीकर ने सदस्यों से सदन की मर्यादा बनाए रखने की अपील की, लेकिन दोनों पक्षों के बीच तल्खी कम होने का नाम नहीं ले रही है।

More Stories
Justice Suryakant : CJI जस्टिस सूर्यकांत की दोटूक ‘न्याय प्रणाली को मजबूत करे AI, लेकिन जज की जगह न ले’; फैसले सुनाने में दखल बर्दाश्त नहीं
Global Terrorism Index 2026 : भारत में आतंकी घटनाओं में 43% की भारी कमी, पाकिस्तान दुनिया का नया ‘आतंकी गढ़’
अखिल भारत हिन्दू महासभा का विस्तार, बिलासपुर में महिला सभा का गठन