Parliament Budget Session 2026 : केंद्रीय बजट 2026-27 को लेकर उल्टी गिनती शुरू हो चुकी है। परंपरा के अनुसार इस बार भी केंद्र सरकार 1 फरवरी 2026 को बजट पेश कर सकती है। खास बात यह है कि हाल के वर्षों में यह पहली बार होगा, जब केंद्र सरकार रविवार के दिन बजट संसद में प्रस्तुत करेगी। 1 फरवरी 2026 को रविवार के साथ-साथ गुरु रविदास जयंती भी है, जिसके चलते कई राज्यों में अवकाश रहेगा।
सूत्रों के अनुसार, संसद का बजट सत्र 28 जनवरी 2026 से शुरू होने की संभावना है। इस दिन राष्ट्रपति का अभिभाषण होगा। संसदीय मामलों की कैबिनेट समिति की बैठक में बजट सत्र की तारीखों पर आज मुहर लग सकती है। इसी के साथ 1 फरवरी को बजट पेश किए जाने की औपचारिक घोषणा भी हो सकती है।
29 जनवरी को आएगा आर्थिक सर्वेक्षण
बजट से पहले 29 जनवरी 2026 को केंद्र सरकार आर्थिक सर्वेक्षण पेश करेगी। इसके बाद 30 और 31 जनवरी को अवकाश रहेगा। ऐसे में लगातार दो छुट्टियों के बाद रविवार को बजट पेश किया जाना अपने आप में एक अलग और ऐतिहासिक अवसर होगा। रविवार होने के कारण इस दिन सरकारी कार्यालयों के साथ-साथ शेयर बाजार भी बंद रहेंगे।
2017 से 1 फरवरी को पेश हो रहा बजट
गौरतलब है कि वर्ष 2017 से बजट 1 फरवरी को पेश किया जा रहा है। इससे पहले बजट फरवरी के अंतिम दिन प्रस्तुत किया जाता था। पूर्व वित्त मंत्री अरुण जेटली ने 2017 में पहली बार 1 फरवरी को बजट पेश किया था, ताकि राज्यों को नई वित्तीय योजनाओं को समय पर लागू करने का अवसर मिल सके। वर्तमान में वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ही बजट संसद में प्रस्तुत करती हैं।
शनिवार को भी पेश हो चुका है बजट
हालांकि रविवार को बजट पेश होना पहली बार होगा, लेकिन शनिवार को बजट पेश किए जाने का उदाहरण पहले भी रहा है। 1 फरवरी 2025 को केंद्र सरकार ने शनिवार के दिन अंतरिम बजट पेश किया था। इससे पहले 27 फरवरी 1999 को तत्कालीन वित्त मंत्री यशवंत सिन्हा ने शनिवार के दिन सुबह 11 बजे बजट पेश किया था। उल्लेखनीय है कि उससे पहले बजट शाम 5 बजे पेश किया जाता था।
क्यों खास है बजट 2026-27
वैश्विक आर्थिक अनिश्चितताओं, अमेरिका के टैरिफ निर्णयों और अंतरराष्ट्रीय तनावों के बीच बजट 2026-27 को बेहद अहम माना जा रहा है। देश की आर्थिक विकास दर को रफ्तार देने, रोजगार सृजन, महंगाई नियंत्रण और बुनियादी ढांचे को मजबूत करने को लेकर बजट में बड़े ऐलानों की उम्मीद जताई जा रही है। ऐसे में इस बजट पर देश ही नहीं, बल्कि वैश्विक बाजारों की भी नजरें टिकी हुई हैं।



More Stories
Mamata Banerjee : मनी लॉन्ड्रिंग केस में I-PAC ऑफिस और प्रतीक जैन के घर ED का छापा
अमेरिका रूस से तेल खरीदने वाले देशों पर लगा सकता है 500% तक टैरिफ, भारत पर भी असर की आशंका
Women Safety In India : महिला सुरक्षा रैंकिंग में बेंगलुरु और चेन्नई शीर्ष पर, 125 शहरों का किया गया मूल्यांकन