Categories

January 26, 2026

वेब न्यूज़ पोर्टल संघर्ष के स्वर

संघर्ष ही सफलता की पहली सीढ़ी है।

DGP-IG Conference : IIM नवा रायपुर में तीन दिवसीय डीजीपी-आईजी बैठक शुरू, सुरक्षा रणनीतियों पर चर्चा

DGP-IG Conference , रायपुर। नवा रायपुर स्थित इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ मैनेजमेंट (IIM) में शुक्रवार दोपहर बहुचर्चित तीन दिवसीय डीजीपी-आईजी कॉन्फ्रेंस की औपचारिक शुरुआत हो गई। देश की आंतरिक सुरक्षा, खुफिया तंत्र और आने वाली चुनौतियों पर केंद्रित इस शीर्षस्तरीय बैठक में देशभर के डीजीपी, आईजी, केन्द्रीय सुरक्षा एजेंसियों के मुखिया और राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़े शीर्ष अधिकारी शामिल हुए हैं।

PM Modi Udupi Rally : आत्मनिर्भर भारत पर जोर, पीएम मोदी ने युवाओं को दी नई जिम्मेदारी

अमित शाह देर रात पहुंचे रायपुर, सुबह ली अहम बैठक

केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह गुरुवार देर रात रायपुर पहुंचे। विमानतल से वे सीधे नवा रायपुर रवाना हुए। शुक्रवार सुबह उन्होंने मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय और डिप्टी सीएम विजय शर्मा के साथ सुरक्षा संबंधी मामलों पर एक अहम बैठक की। माना जा रहा है कि बैठक में नक्सल उन्मूलन, सीमाई सुरक्षा, खुफिया सामंजस्य और नई रणनीतियों पर चर्चा हुई।

एनएसए, रॉ चीफ और अन्य शीर्ष अधिकारी पहुंचे

कॉन्फ्रेंस में शामिल होने के लिए एनएसए अजीत डोभाल, रॉ चीफ पराग जैन और आईबी चीफ तपन डेका शुक्रवार सुबह रायपुर पहुंचे। इनकी उपस्थिति से इस कॉन्फ्रेंस के महत्व और गंभीरता का अंदाजा लगाया जा सकता है। जानकारी के अनुसार सभी राज्यों के डीजीपी और केंद्रीय सुरक्षा एजेंसियों के प्रमुख अधिकारी गुरुवार को ही रायपुर पहुंच गए थे।

सुबह 11 बजे शुरू हुई रणनीतिक चर्चा

शुक्रवार सुबह नाश्ते के बाद सभी प्रमुख अधिकारी करीब 11 बजे IIM के कॉन्फ्रेंस हॉल में एकत्र हुए। पहले सत्र में देश के विभिन्न राज्यों में बढ़ते साइबर अपराध, आतंरिक सुरक्षा के नए खतरे, नक्सल विरोधी अभियानों की समीक्षा और खुफिया तंत्र को और मजबूत करने जैसे मुद्दों पर विस्तृत प्रस्तुति दी गई।

तीन दिनों तक चलेगा मंथन

यह कॉन्फ्रेंस 30 नवंबर तक जारी रहेगी। इसमें सुरक्षा तंत्र को मजबूत करने, राज्यों के बीच समन्वय बढ़ाने, तकनीक आधारित पुलिसिंग और भविष्य की चुनौतियों से निपटने जैसे विषयों पर विस्तार से चर्चा होगी। इस दौरान सभी अधिकारी अपने-अपने राज्यों की रिपोर्ट भी प्रस्तुत करेंगे।

रायपुर में चल रही यह कॉन्फ्रेंस देश की सुरक्षा रणनीति को नई दिशा देने वाली मानी जा रही है, जहां शीर्ष अधिकारी अगले साल की सुरक्षा रूपरेखा का खाका तैयार करेंगे।

About The Author