CG Naxalite News , सुकमा — बस्तर के नक्सल प्रभावित सुकमा जिले के पूवर्ती गांव में शनिवार को उस समय स्थिति तनावपूर्ण हो गई जब ग्रामीणों ने भारी संख्या में पहुंचे बाहरी नक्सल समर्थकों का कड़ा विरोध किया। जानकारी के अनुसार, तेलंगाना और आंध्र प्रदेश से आए लगभग 70-80 कथित माओवादी समर्थक गांव के श्मशान घाट पहुंचे थे। ये लोग नक्सली कमांडर हिड़मा और उसकी पत्नी राजे के चिता स्थल पर कुछ क्रियाकर्म करने की कोशिश कर रहे थे, जिसका ग्रामीणों ने सामूहिक विरोध किया और उन्हें गांव से खदेड़ दिया।
पुलिस सूत्रों और चश्मदीदों के मुताबिक, बाहरी राज्यों से आए ये लोग हिड़मा के अंतिम संस्कार स्थल पर ‘दिनक्रिया’ और अन्य अनुष्ठान कर रहे थे। पूवर्ती, जो कभी हिड़मा का गढ़ माना जाता था, अब सुरक्षा बलों के कैंप स्थापित होने के बाद बदलाव की राह पर है। ग्रामीणों ने अब बाहरी हस्तक्षेप और नक्सली गतिविधियों को समर्थन देने से साफ इनकार कर दिया है। ग्रामीणों का कहना है कि वे गांव में शांति चाहते हैं और बाहरी लोगों को यहां आकर माहौल खराब करने की अनुमति नहीं देंगे।
“ग्रामीण अब विकास और मुख्यधारा से जुड़ना चाहते हैं। बाहरी समर्थकों के आने की सूचना मिली थी, जिस पर ग्रामीणों ने खुद ही कड़ा रुख अपनाते हुए उन्हें वहां से जाने पर मजबूर कर दिया। इलाके में सुरक्षा बल तैनात हैं और स्थिति पर नजर रखी जा रही है।”
— जिला पुलिस प्रशासन, सुकमा
“प्रशासन और जनता के बीच का सेतु”
चॉइस एवं सामान्य सेवा सुविधाओं के माध्यम से जनसेवा ही मेरा मुख्य आधार है। एक वकील, संपादक और लेखक के रूप में मेरी भूमिका लाभार्जन के लिए नहीं, बल्कि समाज में सकारात्मक बदलाव लाने और व्यवस्था को मजबूत करने के लिए है।
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