सरगुजा, छत्तीसगढ़। अमीरा ओपनकास्ट कोल माइंस के विस्तार को लेकर बुधवार को बड़ा विवाद खड़ा हो गया। लखनपुर थाना क्षेत्र में ग्रामीणों और पुलिसकर्मियों के बीच जमकर पथराव हुआ, जिसमें एएसपी और थाना प्रभारी सहित करीब 25 पुलिसकर्मी और दर्जनभर ग्रामीण घायल हुए हैं। हालात बिगड़ने पर पुलिस ने आंसू गैस के गोले छोड़कर भीड़ को तितर-बितर किया।
मामला क्या है?
जानकारी के अनुसार, SECL की अमेरा कोल खदान के विस्तार के लिए वर्ष 2001 में परसोढ़ी गांव की जमीन का अधिग्रहण किया गया था। ग्रामीणों का आरोप है कि उन्हें उचित मुआवजा नहीं मिला और उनके बिना सहमति के खदान विस्तार की कार्रवाई की जा रही है। ग्रामीण जमीन देने के खिलाफ लगातार विरोध कर रहे हैं।
कैसे भड़का विवाद?
बुधवार सुबह प्रशासनिक टीम लगभग 500 की संख्या में पुलिस बल के साथ जमीन पर कब्जा दिलाने पहुंची। ग्रामीण पहले से ही विरोध के लिए जमा थे। समझाइश के दौरान स्थिति अचानक बिगड़ गई और दोनों पक्षों के बीच पथराव शुरू हो गया।
भारत सरकार ने बनाया Sanchar Saathi ऐप अनिवार्य: नए स्मार्टफोन्स में पहले से इंस्टॉल होना होगा
-
पथराव में एएसपी और थाना प्रभारी गंभीर रूप से घायल हुए हैं
-
थाना प्रभारी को अंबिकापुर रेफर कर दिया गया
-
करीब 25 पुलिसकर्मी घायल
-
12 से अधिक ग्रामीणों को भी चोटें आईं
पुलिस की कार्रवाई
स्थिति नियंत्रण से बाहर होने पर पुलिस ने भीड़ को खदेड़ने के लिए आंसू गैस के गोले छोड़े। मौके पर अतिरिक्त पुलिस बल तैनात कर दिया गया है और इलाके में तनाव बना हुआ है।
ग्रामीणों की मांग
ग्रामीणों का कहना है कि—
-
पुराने मुआवजे का पुनर्मूल्यांकन किया जाए
-
विस्थापन व पुनर्वास की सही व्यवस्था बने
-
खदान विस्तार से पहले सहमति प्रक्रिया पूरी हो
प्रशासन की प्रतिक्रिया
अधिकारियों का कहना है कि जमीन का अधिग्रहण कानूनी रूप से पहले ही हो चुका है और सुरक्षा कारणों से पुलिस बल की तैनाती आवश्यक थी। फिलहाल प्रशासन स्थिति को नियंत्रित करने में जुटा है।

More Stories
RAIPUR Bulletin 12 April 2026 उरला में सबसे ज्यादा किस्म के अपराध: अपहरण, ठगी, मारपीट और अवैध शराब के केस
CG NEWS : सेंट्रल जेल में रील कांड’ मुलाकाती कक्ष से वायरल वीडियो ने सुरक्षा व्यवस्था की खोली पोल
CM Vishnu Deo Sai : पावरफुल एंट्री , ढाई साल बाद बदला सीएम साय का वाहन, अब सफेद स्कॉर्पियो के साथ नज़र आया नया अंदाज़