पटना (बिहार)। बिहार में आगामी विधानसभा चुनाव से पहले भारत निर्वाचन आयोग (ECI) ने विशेष गहन पुनरीक्षण (Special Intensive Revision – SIR) के बाद अंतिम मतदाता सूची (Final Voter List) जारी कर दी है। इस पुनरीक्षण प्रक्रिया के तहत मतदाता सूची में बड़े पैमाने पर बदलाव किए गए हैं।
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फाइनल आंकड़े जारी:
जारी अंतिम मतदाता सूची के अनुसार, अब बिहार में कुल मतदाताओं की संख्या 7 करोड़ 41 लाख हो गई है। आयोग द्वारा प्रदान किए गए आंकड़ों में कई महत्वपूर्ण बदलाव देखने को मिले हैं:
बड़ी संख्या में नाम हटे
विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) प्रक्रिया के दौरान लगभग 69 लाख मतदाताओं के नाम सूची से हटाए गए हैं। इनमें मुख्य रूप से मृतक मतदाता, डुप्लीकेट प्रविष्टियाँ (एक ही व्यक्ति का नाम दो जगह) और अन्य राज्यों में स्थानांतरित हो चुके लोगों के नाम शामिल हैं। आयोग ने स्पष्ट किया है कि यह प्रक्रिया मतदाता सूची को त्रुटिहीन और स्वच्छ बनाने के लिए की गई है।
21 लाख नए युवा वोटर जुड़े
राहत की बात यह है कि इस अभियान में 21 लाख से अधिक नए, योग्य मतदाताओं के नाम सूची में जोड़े गए हैं। इनमें बड़ी संख्या उन युवाओं की है, जिन्होंने 18 वर्ष की आयु पूरी कर ली है।
चुनाव की तारीखों का इंतजार
फाइनल वोटर लिस्ट जारी होने के साथ ही बिहार विधानसभा चुनाव की तैयारियां अंतिम चरण में पहुँच गई हैं। उम्मीद जताई जा रही है कि चुनाव आयोग जल्द ही, संभवतः 6 अक्टूबर के बाद, बिहार विधानसभा चुनाव की तारीखों का ऐलान कर सकता है। अब ये 7.41 करोड़ मतदाता ही राज्य में अगली सरकार का फैसला करेंगे।
विपक्ष का विवाद
SIR प्रक्रिया को लेकर विपक्षी दलों ने पहले ‘वोट चोरी’ और पात्र मतदाताओं के नाम हटाने का आरोप लगाया था। हालांकि, चुनाव आयोग ने हर दावे और आपत्ति की सुनवाई के बाद ही अंतिम सूची जारी करने का दावा किया है। मतदाता अब आयोग की आधिकारिक वेबसाइट पर अपनी विधानसभावार अंतिम सूची में अपना नाम देख सकते हैं।

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