दूर्ग जिला के कोतवाली थाना अंतर्गत खंडेलवाल कॉलोनी में हुई लगभग ₹50 लाख की चोरी का पुलिस ने पर्दाफाश कर दिया है। इस मामले में पुलिस ने करीब 332 ग्राम सोना, 3 किलो 300 ग्राम चांदी, और ₹9.76 लाख नकद के साथ-साथ घटना में इस्तेमाल की गई मोटरसाइकिल भी बरामद की है। चोरों ने पुलिस से बचने के लिए चोरी के सामान को जमीन में गाड़ दिया था।
बीती 24 जून, 2025 की रात महावीर कॉलोनी, दूर्ग में एक मकान में अज्ञात चोरों ने खिड़की तोड़कर घर में प्रवेश किया और नकदी व सोने-चांदी के जेवरात चुरा लिए थे। प्रार्थी की रिपोर्ट पर सिटी कोतवाली थाना दूर्ग में अपराध क्रमांक 299/2025, धारा 331(4), 305 बीएनएस के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू की गई।
मामले की विवेचना और आरोपियों की तलाश के लिए एक विशेष टीम का गठन किया गया। टीम ने घटनास्थल का निरीक्षण किया और आसपास लगे सीसीटीवी फुटेज खंगाले। साइबर टीम की मदद ली गई और मुखबिर लगाए गए। सीसीटीवी फुटेज में घटनास्थल के पास दो संदिग्ध एक स्प्लेंडर मोटरसाइकिल पर घूमते हुए दिखे, जिनकी पहचान रंजीत डहरे और रोशन मारकंडे के रूप में हुई। साइबर सेल की मदद से दोनों संदिग्धों का ठिकाना ग्राम केकराजबोड, जिला खैरागढ़ में होने का पता चला।
इस जानकारी के आधार पर टीम तत्काल खैरागढ़ पहुंची और घेराबंदी कर रंजीत डहरे और रोशन मारकंडे को पकड़ लिया। पूछताछ में उन्होंने दूर्ग के महावीर कॉलोनी में चोरी करना स्वीकार किया। उन्होंने बताया कि चांदी के आभूषण आकाश सोनी (मिनीमाता नगर, नागपुर निवासी) को बेचे थे, और सोने के आभूषण व नकदी योगेश्वरी उर्फ जुगरी मारकंडे (केकराजबोड, खैरागढ़ निवासी) और रविशंकर बंजारे (लखौली, राजनांदगांव निवासी) के पास बेचने के लिए रखे थे।
वन नेशन वन राशन कार्ड
योगेश्वरी उर्फ जुगरी मारकंडे ने चोरी की संपत्ति को पुलिस से छिपाने के लिए जमीन में गाड़ दिया था, जिसे डीएसएमडी (डिजिटल सब्सक्राइबर लाइन मेटल डिटेक्टर) का उपयोग करके बरामद किया गया। रविशंकर बंजारे से भी नकदी और सोने-चांदी के जेवरात बरामद किए गए। पूरी कार्यवाही में ई-साक्ष्य का प्रयोग किया गया।
आरोपियों के कब्जे से कुल 332.110 ग्राम सोने के जेवरात, 3 किलो 300 ग्राम चांदी के जेवरात, और ₹9.76 लाख नकद, जिसकी कुल कीमत लगभग ₹50 लाख है, जब्त किए गए। मामले की आगे की कार्यवाही थाना दूर्ग द्वारा की जा रही है। आरोपियों का पुराना आपराधिक रिकॉर्ड भी रहा है।
इस कार्यवाही में एसीसीयू और थाना दूर्ग की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
More Stories
30 August: Inspiring events from the glorious history of India and the world
क्या संविधान का उल्लंघन हुआ? छत्तीसगढ़ मंत्रियों की संख्या पर कोर्ट से जवाब तलब
रायपुर के न्यायमूर्ति आलोक अराधे बने सुप्रीम कोर्ट के जज