PM Modi on Poverty : पुणे। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मंगलवार, 3 नवंबर 2026 को महाराष्ट्र दौरे के दौरान देश में गरीबी उन्मूलन और विकास योजनाओं को लेकर बड़ा बयान दिया। उन्होंने विश्व बैंक की रिपोर्ट का हवाला देते हुए कहा कि भारत में करीब 50 करोड़ लोग गरीबी रेखा से बाहर निकले हैं। पीएम मोदी ने पिछली सरकारों पर निशाना साधते हुए कहा कि पहले सरकारी योजनाओं का पैसा भाई-भतीजावाद और भ्रष्टाचार की भेंट चढ़ जाता था, लेकिन अब भारतीय जनता पार्टी (BJP) की सरकार में सरकारी सहायता सीधे लाभार्थियों के बैंक खातों में पहुंच रही है।
प्रधानमंत्री ने यह बातें पुणे में आयोजित कार्यक्रम के दौरान कहीं। इस अवसर पर उन्होंने करीब 21,800 करोड़ रुपये की पुणे मेट्रो और अन्य विकास परियोजनाओं का उद्घाटन तथा शिलान्यास किया। उन्होंने कहा कि देश में पारदर्शी व्यवस्था और तकनीक के इस्तेमाल से सरकारी योजनाओं का लाभ सही लोगों तक पहुंच रहा है।
50 करोड़ लोग गरीबी से बाहर आए: पीएम मोदी
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने संबोधन में कहा कि भारत ने पिछले कुछ वर्षों में गरीबी कम करने की दिशा में बड़ी उपलब्धि हासिल की है। विश्व बैंक की रिपोर्ट का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि देश के करीब 50 करोड़ लोग गरीबी रेखा से बाहर आए हैं।
उन्होंने कहा कि यह उपलब्धि सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं, आर्थिक सुधारों और गरीबों तक सीधे सहायता पहुंचाने की व्यवस्था का परिणाम है। सरकार का प्रयास है कि समाज के अंतिम व्यक्ति तक विकास का लाभ पहुंचे।
पहले भाई-भतीजावाद में चला जाता था सरकारी पैसा
पीएम मोदी ने पिछली सरकारों की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए कहा कि पहले सरकारी योजनाओं के लिए भेजा गया पैसा जरूरतमंदों तक पूरी तरह नहीं पहुंच पाता था। बीच में भ्रष्टाचार और भाई-भतीजावाद के कारण लोगों को उनका अधिकार नहीं मिल पाता था।
उन्होंने कहा कि अब तकनीक और डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर (DBT) के माध्यम से सरकारी सहायता सीधे लाभार्थियों के बैंक खातों में भेजी जा रही है। इससे बिचौलियों की भूमिका कम हुई है और सरकारी योजनाओं में पारदर्शिता बढ़ी है।
पुणे मेट्रो की 21,800 करोड़ की परियोजनाओं की सौगात
महाराष्ट्र दौरे के दौरान प्रधानमंत्री ने पुणे में लगभग 21,800 करोड़ रुपये की विकास परियोजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास किया। इनमें मेट्रो से जुड़ी परियोजनाओं के साथ अन्य महत्वपूर्ण बुनियादी ढांचा विकास कार्य भी शामिल हैं।
इन परियोजनाओं का उद्देश्य पुणे में सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था को बेहतर बनाना, यातायात का दबाव कम करना और शहर के विकास को नई गति देना है।

