Ramvichar Netam रायपुर। छत्तीसगढ़ की राजनीति में गुरुवार देर रात उस समय हलचल तेज हो गई, जब मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के सरकारी निवास में करीब पांच घंटे तक चली हाई लेवल बैठक संपन्न हुई। रात लगभग 9 बजे शुरू हुई यह बैठक तड़के 2 बजे के आसपास समाप्त हुई। बैठक में मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के अलावा प्रदेश मंत्रिमंडल के सभी सदस्य और भाजपा संगठन के वरिष्ठ पदाधिकारी शामिल हुए।
बैठक की अवधि और उसमें शामिल नेताओं की मौजूदगी को लेकर राजनीतिक गलियारों में कई तरह की चर्चाएं शुरू हो गईं। खासकर मंत्रिमंडल में संभावित फेरबदल और संगठनात्मक बदलावों को लेकर अटकलों का बाजार गर्म रहा। हालांकि बैठक खत्म होने के बाद सरकार की ओर से किसी बड़े निर्णय की आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई।
CG NEWS : चिंताजनक आंकड़े’ 25 दिनों में 4 हाथी शावकों की मौत, छह महीने में 10 की गई जान
बैठक से बाहर निकलते समय मीडिया ने जब कैबिनेट मंत्री रामविचार नेताम से मंत्रिमंडल विस्तार और फेरबदल को लेकर सवाल किया तो उन्होंने मुस्कुराते हुए कहा, “सब सेफ है, छत्तीसगढ़ सेफ है।” उनके इस संक्षिप्त जवाब ने राजनीतिक चर्चाओं को और हवा दे दी। हालांकि उन्होंने किसी भी संभावित बदलाव पर स्पष्ट टिप्पणी करने से परहेज किया।
सूत्रों के अनुसार बैठक में राज्य सरकार के आगामी कार्यक्रमों, विकास कार्यों की समीक्षा, संगठन और सरकार के बीच बेहतर समन्वय तथा आगामी राजनीतिक रणनीति जैसे मुद्दों पर विस्तार से चर्चा की गई। इसके अलावा केंद्र और राज्य सरकार की योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन को लेकर भी मंथन होने की जानकारी सामने आ रही है।
प्रदेश में हाल के दिनों में प्रशासनिक फेरबदल और राजनीतिक गतिविधियों के बीच इस बैठक को बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है। भाजपा संगठन और सरकार के शीर्ष नेतृत्व की एक साथ मौजूदगी ने इस बैठक को और अधिक चर्चित बना दिया है।
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि आगामी विधानसभा सत्र, संगठनात्मक गतिविधियों और सरकार के प्रदर्शन को लेकर नेतृत्व स्तर पर रणनीतिक समीक्षा की गई होगी। हालांकि बैठक के एजेंडे और लिए गए निर्णयों को लेकर अभी तक कोई आधिकारिक जानकारी सार्वजनिक नहीं की गई है।

More Stories
अंतरराष्ट्रीय योग दिवस: अंबिकापुर में CM विष्णुदेव साय ने किया योग, देशभर में योगमय माहौल, पीएम मोदी ने दिया फिटनेस मंत्र
Raipur Police Commissionerate 21 June 2026: फर्जी वकील से लेकर हाई-टेक चश्मा ठगी और मादक पदार्थों की तस्करी तक, राजधानी के थानों की विस्तृत कानूनी रिपोर्ट।
छत्तीसगढ़ में बड़ा फैसला: अब हर ऊंची बिल्डिंग में होगा Fire Safety Officer, नियम तोड़े तो सीलिंग तक की कार्रवाई