Big Police Action : दुर्ग | आईपीएल 2026 के मैचों पर ऑनलाइन सट्टा लगाने और खिलाने वालों के खिलाफ दुर्ग पुलिस ने अभियान तेज कर दिया है। ताजा मामले में पाटन थाना और एसीसीयू दुर्ग की संयुक्त टीम ने एक गुप्त सूचना के आधार पर कार्रवाई करते हुए चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। ये आरोपी ‘सायलेंट 777’ नामक मोबाइल एप्लिकेशन के जरिए सट्टे का काला कारोबार संचालित कर रहे थे।
कैसे पकड़े गए आरोपी?
पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली थी कि पाटन क्षेत्र में कुछ युवक मोबाइल फोन के जरिए आईपीएल मैच पर दांव लगवा रहे हैं। सूचना मिलते ही एसीसीयू और स्थानीय पुलिस की टीम ने जाल बिछाया और संदिग्ध स्थान पर दबिश दी। पुलिस ने मौके से चार युवकों को पकड़ा जो फोन पर सट्टे का हिसाब-किताब कर रहे थे।
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बरामदगी और जब्ती
पुलिस ने आरोपियों के पास से सट्टेबाजी में इस्तेमाल किए जा रहे उपकरण और नगदी बरामद की है:
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मोबाइल फोन: 08 नग (विभिन्न कंपनियों के स्मार्टफोन)
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नगदी: ₹55,000 (दांव पर लगी रकम)
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दस्तावेज: सट्टे का हिसाब-किताब वाली पर्चियां और डिजिटल ट्रांजेक्शन के स्क्रीनशॉट।
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एप का खुलासा: आरोपियों के फोन में ‘सायलेंट 777’ एप सक्रिय पाया गया, जिसके जरिए वे आईडी बनाकर सट्टा खिला रहे थे।
आरोपियों का विवरण
गिरफ्तार किए गए आरोपियों की पहचान दुर्ग और भिलाई के रहने वाले युवकों के रूप में हुई है। पुलिस के अनुसार, ये आरोपी लंबे समय से इस अवैध कारोबार में संलिप्त थे और युवाओं को जल्दी पैसा कमाने का लालच देकर सट्टे की दलदल में धकेल रहे थे।
पुलिस की चेतावनी
दुर्ग पुलिस अधीक्षक (SP) ने स्पष्ट किया है कि आईपीएल सीजन के दौरान ऑनलाइन सट्टेबाजी पर उनकी पैनी नजर है। पुलिस उन टेलीग्राम चैनल्स और मोबाइल एप्स की भी जांच कर रही है जिनके माध्यम से सट्टे की आईडी बेची जा रही है।
“ऑनलाइन सट्टा एक सामाजिक बुराई है। दुर्ग पुलिस लगातार ऐसे नेटवर्क को ध्वस्त कर रही है। सायलेंट 777 जैसे एप्स का इस्तेमाल करने वालों को बख्शा नहीं जाएगा।”

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