नई दिल्ली: मध्य-पूर्व (Middle East) में अमेरिका-इजराइल और ईरान के बीच छिड़ी जंग के चलते भारत में एलपीजी (LPG) सप्लाई चेन डगमगा गई है। देश भर में रसोई गैस की भारी किल्लत देखी जा रही है। घबराहट में की जा रही ‘पैनिक बुकिंग’ (Panic Booking) ने आग में घी का काम किया है, जिससे ₹900 की कीमत वाला सरकारी सिलेंडर ब्लैक मार्केट में ₹1800 तक बिक रहा है।
गैस एजेंसियों के बाहर ‘पहरा’ और लंबी लाइनें
देश के छोटे शहरों से लेकर महानगरों तक गैस एजेंसियों के बाहर सुबह से ही सैकड़ों लोगों की कतारें लग रही हैं। लोग खाली सिलेंडर लेकर घंटों अपनी बारी का इंतजार कर रहे हैं। कई जगहों पर गैस खत्म होने के बोर्ड लग गए हैं, जिसके कारण उपभोक्ताओं और एजेंसी संचालकों के बीच विवाद की स्थिति भी बन रही है।
सरकार का दावा: “रोजाना 50 लाख सिलेंडर दे रहे”
संकट गहराते देख पेट्रोलियम मंत्रालय ने मोर्चा संभाला है। सरकार ने जनता से शांति बनाए रखने की अपील करते हुए कहा:
“देश में गैस का पर्याप्त भंडार है। हम रोजाना औसतन 50 लाख सिलेंडर वितरित कर रहे हैं। किल्लत गैस की कमी से नहीं, बल्कि अचानक बढ़ी अतिरिक्त बुकिंग और अफवाहों की वजह से हुई है।”
कालाबाजारी का खेल: दाम हुए दोगुने
युद्ध के कारण कच्चे तेल की कीमतों में उछाल और सप्लाई बाधित होने के डर ने कालाबाजारी करने वालों को मौका दे दिया है। रिपोर्ट के अनुसार, रिफिल सिलेंडर के लिए लोग मजबूरन दो गुनी कीमत चुका रहे हैं। खासकर उन इलाकों में जहाँ डिलीवरी 10-12 दिन लेट चल रही है, वहां अवैध रूप से ऊंचे दामों पर सिलेंडर बेचे जा रहे हैं।

More Stories
Twisha Sharma Case : गिरिबाला सिंह को बड़ा झटका, जेल से रिहाई पर लगी रोक, जमानत पर CBI ने जताई आपत्ति
UPI Transaction Charge : UPI यूजर्स के लिए बड़ी राहत’ ₹2,000 तक के पेमेंट पर नहीं लगेगा कोई चार्ज, RuPay डेबिट कार्ड को लेकर भी बड़ा आदेश
दिशा सालियान की मौत पर CBI ने FIR दर्ज की’ पहली 2 जांच में सुसाइड बताया गया’ एक्टर सुशांत सिंह राजपूत की मैनेजर थीं